योग चिकित्साः अवधारणा एवं सिद्धान्त

आज नैनो टैक्नोलोजी सम्पूर्ण विश्वभर में प्रचलित हो रही है। तकनीक, सुरक्षा, वाहन, मीडिया, परिवहन एवं स्वास्थ्य क्षेत्र में नैनो टैक्नोलोजी का विश्वभर में तेजी से विकास हो रहा है। नैनो अर्थात सूक्ष्म से सूक्ष्मतम। योग चिकित्सा में प्राणायाम, योगासन भी कोशिकाओं से के सूक्ष्म स्तर पर अर्थात मालिक्यूलर स्तर पर कार्य करता है। इसलिए … Read more

अष्टांग योग

अष्टांग योग

अभ्यास एवं वैराग्य द्वारा चित्त वृत्तियों के निरोध के लिए अष्टांगयोग को क्रमशः अभ्यास एवं प्रयत्न करना चाहिए। यथा- यमनियमासन प्राणायाम प्रत्याहार धारणा ध्यान समाधयोष्टावङ्गानि।। (2/29) अहिंसा– शरीर, वाणी, मन से काम, क्रोध, लोभ, मोह मायादि द्वारा किसी भी प्राणी के मनसा-वाचा-कर्मणा पीडा हानि नही पहुचाना इसे अहिंसा कहते है। सत्य– हमेशा अपरिवर्तनशील, यथार्थ ज्ञान … Read more